फिच ने घटाया भारत का आर्थिक वृद्धि अनुमान

फिच सॉल्यूशंस ने जारी वित्त वर्ष में भारत की आर्थिक वृद्धि के अपने पहले के अनुमान को घटाकर 4.9 फीसदी कर दिया है। पहले उसने 5.1 फीसदी वृद्धि दर का अनुमान लगाया था। एजेंसी ने सोमवार को कहा कि कोरोना वायरस के प्रभाव से आपूर्ति शृंखला गड़बड़ाने और घरेलू मांग कमजोर पड़ने से उसने वृद्धि का अनुमान घटाया है। एजेंसी ने भारत की वित्त वर्ष 2020-21 की वृद्धि के अनुमान को भी 5.9 से घटाकर 5.4 फीसदी कर दिया है।



भारत की जीडीपी वृद्धि चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही (अक्तूबर-दिसंबर) के दौरान घटकर 4.7 फीसदी रही। दूसरी तिमाही के संशोधित अनुमानों में यह 5.1 फीसदी बताई गयी। सरकार के स्तर पर खपत धीमी रहने, सकल स्थायी पूंजी निर्माण में बड़ी गिरावट आने और शुद्ध निर्यात योगदान मामूली रहने से जीडीपी वृद्धि धीमी पड़ी है। एजेंसी की राय में चीन में संक्रामक कोरोना वायरस फैलने की वजह से भारत में आॅटोमोबाइल और इलेक्ट्राॅनिक्स आपूर्ति शृंखला गड़बड़ाने की आशंका है।